HEMANT JOSHI May 31, 2020

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HEMANT JOSHI May 31, 2020

. ।। 🕉 ।। 🚩🌞 *सुप्रभातम्* 🌞🚩 « *आज का पञ्चांग* » कलियुगाब्द..............5122 विक्रम संवत्..............2077 शक संवत्................1942 मास........................ज्येष्ठ पक्ष.........................शुक्ल तिथी.......................नवमी संध्या 05.34 पर्यंत पश्चात दशमी रवि......................उत्तरायण सूर्योदय............प्रातः 05.41.40 पर सूर्यास्त.............संध्या 07.07.16 पर सूर्य राशि.......................वृषभ चन्द्र राशि.....................सिंह गुरु राशि......................मकर नक्षत्र...............उत्तराफाल्गुनी रात्रि 02.56 पर्यंत पश्चात हस्त योग.........................वज्र दोप 04.22 पर्यंत पश्चात सिद्धि करण.......................बालव प्रातः 06.49 पर्यंत पश्चात कौलव ऋतु.........................ग्रीष्म दिन........................रविवार 🇬🇧 *आंग्ल मतानुसार :-* 31 मई सन 2020 ईस्वी । ☸ शुभ अंक...........................4 🔯 शुभ रंग.........................नीला ⚜ *अभिजीत मुहूर्त :-* दोप 11.57 से 12.51 तक । 👁‍🗨 *राहुकाल :-* संध्या 05.23 से 07.03 तक । 🌞 *उदय लग्न मुहूर्त :-* *वृषभ* 04:44:01 06:42:43 *मिथुन* 06:42:43 08:56:24 *कर्क* 08:56:24 11:12:34 *सिंह* 11:12:34 13:24:23 *कन्या* 13:24:23 15:35:03 *तुला* 15:35:03 17:49:40 *वृश्चिक* 17:49:40 20:05:50 *धनु* 20:05:50 22:11:29 *मकर* 22:11:29 23:58:37 *कुम्भ* 23:58:37 25:32:11 *मीन* 25:32:11 27:03:21 *मेष* 27:03:21 28:44:01 🚦 *दिशाशूल :-* पश्चिमदिशा - यदि आवश्यक हो तो दलिया, घी या पान का सेवनकर यात्रा प्रारंभ करें । ✡ *चौघडिया :-* प्रात: 07.24 से 09.04 तक चंचल प्रात: 09.04 से 10.44 तक लाभ प्रात: 10.44 से 12.23 तक अमृत दोप. 02.03 से 03.43 तक शुभ सायं 07.02 से 08.22 तक शुभ संध्या 08.22 से 09.43 तक अमृत रात्रि 09.43 से 11.03 तक चंचल । 📿 *आज का मंत्रः* ।। ॐ गृहेश्वराय नम: ।।  *संस्कृत सुभाषितानि :-* दृश्यन्ते भुवि भुरे निम्बतरवः कुत्रापि ते चन्दनाः । पाषाणैः परिपूरिता वसुमती वज्रो मणि दुर्लभः ॥ अर्थात :- पृथ्वी पर नीम के पेड कई दिखते हैं, पर चंदन के पेड कहाँ ? पृथ्वी पत्थरों से भरी हुई है, लेकिन वज्रमणि दुर्लभ है ! 🍃 *आरोग्यं सलाह :-* *गिलोय के औषधीय गुण : -* *7. पीलिया -* पीलिया के मरीजों को गिलोय के ताजे पत्तों का रस पिलाने से पीलिया जल्दी ठीक होता है। इसके अलावा गिलोय के सेवन से पीलिया में होने वाले बुखार और दर्द से भी आराम मिलता है। गिलोय स्वरस के अलावा आप पीलिया से निजात पाने के लिए गिलोय सत्व का भी इस्तेमाल कर सकते हैं। एक से दो चुटकी गिलोय सत्व को शहद के साथ मिलाकर दिन में दो बार नाश्ते या कुछ खाने के बाद लें। ⚜ *आज का राशिफल :-* 🐏 *राशि फलादेश मेष :-* *(चू, चे, चो, ला, ली, लू, ले, लो, आ)* लाभ के अवसर हाथ से निकल सकते हैं। किसी व्यक्ति के बहकावे में न आएं। कारोबार अच्‍छा चलेगा। प्रयास करें। किसी व्यक्ति से बेवजह विवाद हो सकता है। फालतू खर्च पर नियंत्रण रखें। आर्थिक स्थिति बिगड़ सकती है। लेन-देन में जल्दबाजी न करें। 🐂 *राशि फलादेश वृष :-* *(ई, ऊ, ए, ओ, वा, वी, वू, वे, वो)* प्रयास सफल रहेंगे। डूबी हुई रकम प्राप्त हो सकती है। शेयर मार्केट व म्युचुअल फंड इत्यादि से लाभ होगा। चिंता बनी रहेगी। शारीरिक कष्ट की आशंका है। वाणी पर नियंत्रण रखें। यात्रा लाभदायक रहेगी। आय के नए स्रोत प्राप्त हो सकते हैं। 👫🏻 *राशि फलादेश मिथुन :-* *(का, की, कू, घ, ङ, छ, के, को, ह)* पार्टनरों से मतभेद दूर होंगे। नौकरी में प्रभाव बढ़ेगा। स्वास्थ्‍य का पाया कमजोर रहेगा। योजना फलीभूत होगी। कार्यक्षेत्र का विस्तार हो सकता है। घर-बाहर पूछ-परख रहेगी। भाग्य का साथ रहेगा। घर-बाहर प्रसन्नता व उत्साह का वातावरण बनेगा। 🦀 *राशि फलादेश कर्क :-* *(ही, हू, हे, हो, डा, डी, डू, डे, डो)* नौकरी में उच्चाधिकारी की प्रसन्नता प्राप्त होगी। पारिवारिक सहयोग प्राप्त होगा। निवेश से लाभ होगा। जल्दबाजी न करें। किसी धार्मिक स्थान के दर्शन व प्रवास इत्यादि का कार्यक्रम बन सकता है। कानूनी अड़चन दूर होगी। थकान व कमजोरी रह सकती है। 🦁 *राशि फलादेश सिंह :-* *(मा, मी, मू, मे, मो, टा, टी, टू, टे)* कीमती वस्तुएं संभालकर रखें। व्यापार-व्यवसाय में अनुकूलता रहेगी। आय में कमी हो सकती है। दूसरों के काम में हस्तक्षेप न करें। लाभ होगा। अपेक्षित कार्यों में बाधा उत्पन्न हो सकती है। चोट व दुर्घटना से शारीरिक हानि की आशंका है। 🙎🏻‍♀️ *राशि फलादेश कन्या :-* *(ढो, पा, पी, पू, ष, ण, ठ, पे, पो)* नौकरी में मातहतों का सहयोग मिलेगा। घर-बाहर प्रसन्नता का वातावरण रहेगा। कारोबार अच्‍छा चलेगा। जोखिम न लें। किसी अटके काम में सफलता प्राप्त होगी। प्रेम-प्रसंग में अनुकूलता रहेगी। भेंट व उपहार आदि पर व्यय होगा। ⚖ *राशि फलादेश तुला :-* *(रा, री, रू, रे, रो, ता, ती, तू, ते)* व्यापार-व्यवसाय अच्छा चलेगा। नौकरी में प्रभाव बढ़ेगा। भाग्य का साथ रहेगा। रुके कार्य पूर्ण होंगे। प्रसन्नता रहेगी। बेरोजगारी दूर करने के प्रयास सफल रहेंगे। स्थायी संपत्त‍ि का कोई बड़ा सौदा बड़ा लाभ दे सकता है। उन्नति के मार्ग प्रशस्त होंगे। 🦂 *राशि फलादेश वृश्चिक :-* *(तो, ना, नी, नू, ने, नो, या, यी, यू)* किसी प्रबुद्ध व्यक्ति का मार्गदर्शन प्राप्त होगा। पार्टी व पिकनिक का कार्यक्रम बन सकता है। मनोरंजन के साधन उपलब्ध होंगे। थकान व कमजोरी रह सकती है। रचनात्मक कार्यों में रुचि रहेगी। परीक्षा व प्रतियोगिता में सफलता प्राप्त होगी। 🏹 *राशि फलादेश धनु :-* *(ये, यो, भा, भी, भू, धा, फा, ढा, भे)* समय पर आवश्यक वस्तु नहीं मिलेगी। तनाव रहेगा। स्वास्थ्य का पाया कमजोर रहेगा। धनहानि की आशंका है। व्यापार-व्यवसाय अच्‍छा रहेगा। किसी व्यक्ति से उलझन हो सकती है। वाणी में कटु शब्दों के प्रयोग से बचें। 🐊 *राशि फलादेश मकर :-* *(भो, जा, जी, खी, खू, खे, खो, गा, गी)* संतान पक्ष की चिंता रह सकती है। पहले की गई मेहनत का फल मिलने के योग हैं। निवेश से लाभ होगा। मित्रों के साथ समय सुखमय व्यतीत होगा। धनार्जन होगा। मित्रों तथा रिश्तेदारों की सहायता कर पाएंगे। सामाजिक प्रतिष्ठा में वृद्धि होगी। 🏺 *राशि फलादेश कुंभ :-* *(गू, गे, गो, सा, सी, सू, से, सो, दा)* व्यापार-व्यवसाय में अधिक ध्यान देना पड़ेगा। प्रमाद न करें। नौकरी में सहकर्मी ध्यान देंगे। धन प्राप्ति सुगम होगी। आत्मसम्मान बना रहे, ऐसे प्रयास करें। भूले-बिसरे साथियों से मुलाकात होगी। जोखिम उठाने का साहस कर पाएंगे। 🐋 *राशि फलादेश मीन :-* *(दी, दू, थ, झ, ञ, दे, दो, चा, ची)* कारोबार में उन्नति होगी। नौकरी में प्रभाव बढ़ेगा। शेयर मार्केट व म्युचुअल फंड आदि में सोच-समझकर हाथ डालें। रोजगार में वृद्धि होगी। पारिवारिक सहयोग मिलेगा। किसी लंबे समय से अटके काम के पूरे होने से प्रसन्नता रहेगी। भाग्य का साथ रहेगा। ☯ *आज का दिन सभी के लिए मंगलमय हो ।* ।। 🐚 *शुभम भवतु* 🐚 ।। 🇮🇳🇮🇳 *भारत माता की जय* 🚩🚩

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HEMANT JOSHI May 31, 2020

*प्राचीन शिव मंदिर* 🚩🚩🚩🚩🚩🚩 आप बिना चूने, सीमेंट या मिट्टी का प्रयोग किए कितनी ऊंची दीवार उठा सकते है ? 🛕🛕🛕🛕🛕 10 फीट ? 15 या 20 फीट ? ये दीवार कितने दिनों तक खड़ी रह सकती है? 1 साल ? 5 या 10 साल? 🛕🛕🛕🛕🛕 अगर मैं आपसे कहूं कि हमारे देश में एक ऐसा मंदिर है, जो सिर्फ पत्थरों पर पत्थर रख कर बनाया गया है। जिसकी ऊंचाई 216 फीट है और जो पिछले 1000 सालो से बिना झुके खड़ा है, तो क्या आप विश्वास करेंगे? शायद नहीं, लेकिन ये सच है आइए जानते है कौन सी है ये इमारत। 🛕🛕🛕🛕🛕 परिचय - इस विराट मंदिर का नाम है, बृहदेश्वर मंदिर, जो कि तंजावुर, तमिलनाडु राज्य में स्थित है। ये मंदिर भगवान शिव को समर्पित है और इसका निर्माण चोल राजा राजा चोल द्वारा 1010 ईसा मे पूर्ण कराया गया। 🛕🛕🛕🛕🛕 🔱 - मंदिर परिसर में मुख्य मंदिर भगवान शिव को समर्पित है, जिसकी ऊंचाई 216 फीट है। मंदिर चारो ओर से ऊंची दीवारों से घिरा है, जो कि 16 वी शताब्दी में जोड़ी गई। परिसर का मुख्य द्वार (गोपुरम) लगभग 30 मीटर ऊंचा है, इसके अतिरिक्त परिसर में नंदी मंडप, प्रार्थना मंडप तथा अन्य देवी देवताओं के लिए भी मंदिर बने है, जो कि कालांतर में अन्य राजाओं द्वारा जोड़े गए है। 🛕🛕🛕🛕🛕 🔱 - ये दुनिया की प्रथम और एकमात्र ऐसी इमारत है जो पूरी तरह ग्रेनाइट पत्थरों से बनी है, इसको बनाने में 1.3 लाख टन पत्थर का इस्तेमाल हुआ। आश्चर्य की बात ये है कि मंदिर परिसर के लगभग 60 किमी के दायरे में कोई पहाड़ या पत्थर का स्त्रोत नहीं है, पत्थरों को यहां तक लाने के लिए 3000 हाथियों का प्रयोग किया गया। 🛕🛕🛕🛕🛕 🔱 - जिस समय ये मंदिर बन कर तैयार हुआ उस समय ये दुनिया की सबसे ऊंची इमारत थी, जो विश्व में हमारी स्थापत्य कला का लोहा मनवाने में सक्षम है। इसे बनवाने में मात्र सात वर्ष का समय लगा जो अद्भुत है। 🔱 - मंदिर के शिखर (विमान) पर स्थापित पत्थर (कुंभम) का वजन 81 टन है जो कि एक ही पत्थर को काट कर बनाया गया है। इस पत्थर को 200 फीट की ऊंचाई पर स्थापित करना मॉडर्न तकनीकों से भी मुश्किल है तो फिर इसे 1000 साल पहले हमारे पूर्वजों ने कैसे संभव किया? 🔱 - इस पत्थर को स्थापित करने के लिए 6 किमी ऊंचा एक रैंप तैयार किया गया जिस पर हाथियों कि सहायता से इसे खींच कर ऊपर तक पहुंचाया गया, आप इसके निर्माण की भव्यता का अंदाज़ा केवल इस एक घटना से ही लगा सकते है। 🔱- नंदी मंडप में स्थित नंदी कि प्रतिमा की ऊंचाई लगभग 13 फीट और लंबाई 16 फीट है, जो कि एक ही चट्टान को काट कर निर्मित किया गया है। 🔱 - गर्भ ग्रह में स्थित शिवलिंग देश के सबसे बड़े शिवलिंगों में से एक है, जिसकी ऊंचाई 29 फीट है।🛕🛕🛕🛕🛕 🔱- इस मंदिर का निर्माण पत्थरों कि इंटरलॉकिंग तकनीक द्वारा किया गया है तथा चूने अथवा अन्य किसी पदार्थ से जुड़ाई नहीं की गई । 🔱 - दीवारों तथा मंडपो पर सर्वत्र मूर्तियां, चित्र व तमिल व संस्कृत अभिलेख खुदे हुए है। 🛕🛕🛕🛕🛕 अपनी संस्कृति की महानता का अंदाज़ा लगाने के लिए एक बार अवश्य इस मंदिर के दर्शन करे।🙏🚩🚩🚩🚩🚩🌷🌷🌷

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HEMANT JOSHI May 31, 2020

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