🕉श्री हरिहरो विजयतेतराम🕉 🌄सुप्रभातम🌄 🗓आज का पञ्चाङ्ग🗓 🌻गुरुवार, १३ मई २०२१🌻 सूर्योदय: 🌄 ०५:३६ सूर्यास्त: 🌅 ०६:५५ चन्द्रोदय: 🌝 ०६:१८ चन्द्रास्त: 🌜२०:३२ अयन 🌕 उत्तराणायने (उत्तरगोलीय) ऋतु: 🍁 ग्रीष्म शक सम्वत: 👉 १९४३ (प्लव) विक्रम सम्वत: 👉 २०७८ (राक्षस) मास 👉 वैशाख पक्ष 👉 शुक्ल तिथि 👉 द्वितीया (पूर्ण रात्रि) नक्षत्र 👉 रोहिणी (पूर्ण रात्रि) योग 👉 अतिगण्ड (२४:५१ तक) प्रथम करण 👉 बालव (१६:२३ तक) द्वितीय करण 👉 कौलव (पूर्ण रात्रि) 〰〰〰〰〰〰〰〰〰〰〰️〰️ ॥ गोचर ग्रहा: ॥ 🌖🌗🌖🌗 सूर्य 🌟 मेष चंद्र 🌟 वृष मंगल 🌟 मिथुन (उदित, पूर्व, मार्गी) बुध 🌟 वृष (उदित, पूर्व, मार्गी) गुरु 🌟 कुम्भ (उदय, पूर्व, मार्गी) शुक्र 🌟 वृष (उदय, पश्चिम, मार्गी) शनि 🌟 मकर (उदय, पूर्व, मार्गी) राहु 🌟 वृष केतु 🌟 वृश्चिक 〰〰〰〰〰〰〰〰〰〰 शुभाशुभ मुहूर्त विचार ⏳⏲⏳⏲⏳⏲⏳ 〰〰〰〰〰〰〰 अभिजित मुहूर्त 👉 ११:४६ से १२:४१ अमृत काल 👉 २६:०९ से २७:५७ विजय मुहूर्त 👉 १४:३० से १५:२४ गोधूलि मुहूर्त 👉 १८:४९ से १९:१३ निशिता मुहूर्त 👉 २३:५२ से २४:३४ राहुकाल 👉 १३:५६ से १५:३८ राहुवास 👉 दक्षिण यमगण्ड 👉 ०५:२५ से ०७:०७ होमाहुति 👉 सूर्य दिशाशूल 👉 दक्षिण नक्षत्र शूल 👉 पश्चिम अग्निवास 👉 पृथ्वी चन्द्रवास 👉 दक्षिण 〰️〰️〰️〰️〰️〰️〰️〰️〰️〰️〰️〰️ ☄चौघड़िया विचार☄ 〰️〰️〰️〰️〰️〰️〰️ ॥ दिन का चौघड़िया ॥ १ - शुभ २ - रोग ३ - उद्वेग ४ - चर ५ - लाभ ६ - अमृत ७ - काल ८ - शुभ ॥रात्रि का चौघड़िया॥ १ - अमृत २ - चर ३ - रोग ४ - काल ५ - लाभ ६ - उद्वेग ७ - शुभ ८ - अमृत नोट-- दिन और रात्रि के चौघड़िया का आरंभ क्रमशः सूर्योदय और सूर्यास्त से होता है। प्रत्येक चौघड़िए की अवधि डेढ़ घंटा होती है। 〰〰〰〰〰〰〰〰〰〰〰〰〰〰〰〰〰 शुभ यात्रा दिशा 🚌🚈🚗⛵🛫 दक्षिण-पूर्व (दही का सेवन कर यात्रा करें) 〰〰〰〰〰〰〰〰〰〰〰️〰️〰️〰️〰️ तिथि विशेष 🗓📆🗓📆 〰️〰️〰️〰️ चंद्र दर्शन, ४१४ वी शिवाजी जयन्ती, विवाहादि मुहूर्त कुम्भ लग्न रात्रि ०१:१६ से ०२:४६ तक, उपनयन संस्कार+गृहप्रवेश+व्यवसाय आरम्भ मुहूर्त १०:४६ से १५:४४ तक, विधा एवं अक्षरारम्भ मुहूर्त प्रातः ०५:४४ से ०७:२२ तक आदि 〰〰〰〰〰〰〰〰〰〰〰〰〰〰 आज जन्मे शिशुओं का नामकरण 〰〰〰〰〰〰〰〰〰️〰️ आज २९:३६ तक जन्मे शिशुओ का नाम रोहिणी नक्षत्र के प्रथम, द्वितीय, तृतीय एवं चतुर्थ चरण अनुसार क्रमशः (ओ, वा, वी, वू) नामाक्षर से रखना शास्त्रसम्मत है। 〰〰〰〰〰〰〰〰〰〰〰〰〰〰〰〰〰 उदय-लग्न मुहूर्त मेष - २८:०० से ०५:३४ वृषभ - ०५:३४ से ०७:२८ मिथुन - ०७:२८ से ०९:४३ कर्क - ०९:४३ से १२:०५ सिंह - १२:०५ से १४:२४ कन्या - १४:२४ से १६:४२ तुला - १६:४२ से १९:०३ वृश्चिक - १९:०३ से २१:२२ धनु - २१:२२ से २३:२६ मकर - २३:२६ से २५:०७ कुम्भ - २५:०७ से २६:३३ मीन - २६:३३ से २७:५६ 〰〰〰〰〰〰〰〰〰〰 पञ्चक रहित मुहूर्त शुभ मुहूर्त - ०५:२५ से ०५:३४ रज पञ्चक - ०५:३४ से ०७:२८ शुभ मुहूर्त - ०७:२८ से ०९:४३ चोर पञ्चक - ०९:४३ से १२:०५ शुभ मुहूर्त - १२:०५ से १४:२४ रोग पञ्चक - १४:२४ से १६:४२ शुभ मुहूर्त - १६:४२ से १९:०३ मृत्यु पञ्चक - १९:०३ से २१:२२ अग्नि पञ्चक - २१:२२ से २३:२६ शुभ मुहूर्त - २३:२६ से २५:०७ रज पञ्चक - २५:०७ से २६:३३ शुभ मुहूर्त - २६:३३ से २७:५६ शुभ मुहूर्त - २७:५६ से २९:२४ 〰〰〰〰〰〰〰〰〰〰 आज का राशिफल 🐐🐂💏💮🐅👩 〰️〰️〰️〰️〰️〰️ मेष🐐 (चू, चे, चो, ला, ली, लू, ले, लो, अ) आज का दिन कुछ ना कुछ अभाव के बाद भी संतोषजनक रहेगा। लेकिन महिलाए किसी भी बात को लेकर घर का वातावरण अशान्त बनाएंगी। दिन के आरंभिक भाग के अलावा अन्य समय बाहर ही शांति अनुभव होगी। आज आप जल्दी से किसी के गलत आचरण का विरोध नही करेंगे लेकिन धैर्य सीमित ही रहेगा एक बार क्रोध आने पर शांत करना आपके वश में भी नही रहेगा जो लोग उद्दंडता कर रहे थे वो भी बचते नजर आएंगे। कार्य व्यवसाय में भी किसी कमी के कारण धन लाभ अल्प और विलंब से होगा। शेयर सट्टे में निवेश शीघ्र लाभ दिला सकता है इसके अतिरिक्त कार्यो में धन फसने की संभावना है। स्वास्थ्य में कमी आएगी। वृष🐂 (ई, ऊ, ए, ओ, वा, वी, वू, वे, वो) आज के दिन आप अपनी ही धुन में रहेंगे। मन की ज्यादा सुनेंगे और करेंगे भी वैसा ही किसी का कार्यो में दखल देना कुछ ज्यादा ही अखरेगा जरासी बात पर नाराज हो जाएंगे जिससे मुख्य लक्ष्य से भटक सकते है। कार्य व्यवसाय आज अन्य दिन की तुलना में थोड़ा धीमा रहेगा इसका एक कारण आपका मानसिक रूप से तैयार ना होना भी रहेगा। लाभ हानि की परवाह किये बिना ही कार्य हाथ मे लेंगे बाद में ले देकर पूरा करने का प्रयास कुछ ना कुछ हानि ही कराएगा। घर में किसी ना किसी से व्यर्थ की बातों पर बहस कर समय खराब करेंगे। मानसिक रूप से बेचैनी अधिक रहने पर पूजा पाठ से भी विमुख रहेंगे एक साथ दो जगह मन भटकने के कारण आध्यात्मिकता का लाभ नही मिल सकेगा। मिथुन👫 (का, की, कू, घ, ङ, छ, के, को, हा) आज के दिन आपमे धैर्य की कमी रहेगी। किसी भी कार्यो को लेकर पहले लापरवाही करेंगे बाद में उसे जल्दबाजी में करने पर कुछ ना कुछ कमी रह जायेगी। धन संबंधित मामलों में जल्दबाजी ना करें अन्यथा आज के दिन का उचित लाभ लेने से वंचित रह जाएंगे कार्य व्यवसाय से आरंभ में ज्यादा आशा नही रहेगी लेकिन धीरे धीरे जमने पर अकस्मात धन के मार्ग खुलने से उत्साह बढेगा। दान-पुण्य के साथ किसी की सहायता पर खर्च करना पड़ेगा परोपकार की भावना के कारण अखरेगा नही। आज घर मे समय पर आवश्यकता पूर्ति ना करने पर विवाद हो सकता है। स्वास्थ्य आज सामान्य ही रहेगा। क्रोध से बचें। कर्क🦀 (ही, हू, हे, हो, डा, डी, डू, डे, डो) आपके लिये आज का दिन शुभ फलदायी रहेगा आज दिन का आरंभिक भाग परिवार में मतभेद के कारण थोड़ा उदासीन रहेगा इसके बाद का समय सार्वजिनक क्षेत्र पर आपकी नई पहचान बनने से जीवन को नई दिशा मिलेगी लेकिन इसके लिये स्वयं को भी दृढ़ संकल्पित रहना पड़ेगा। लक्ष्य बनाए कर कार्य करने पर ही आज के दिन से उचित लाभ पाया जा सकता है। स्वभाव में थोड़ी तल्खी रहने के कारण किसी को भी मन की बाते समझाने में परेशानी आएगी। कार्य व्यवसाय में पल पल में स्थिति बदलने से असमंजस की स्थिति रहेगी कम मुनाफे में व्यापार करना पड़ेगा। परिवार की अपेक्षा बाहर से अधिक सहयोग मिलेगा। उच्च रक्तचाप अथवा अन्य रक्त पित्त संबंधित समस्या हो सकती है। सिंह🦁 (मा, मी, मू, मे, मो, टा, टी, टू, टे) आज का दिन आपके लिये सिद्धि दायक रहेगा कोई भी कार्य करने से पहले उसके विषय मे बारीकी से अध्ययन करें आज थोड़े से परिश्रम से बड़ा कार्य पूर्ण कर सकेंगे। पहले से चल रही किसी योजना के पूर्ण होनेपर भी लाभ मिलेगा लेकिन जल्दबाजी करने पर कुछ अभाव भी रह सकता है। कार्य व्यवसाय से धन की प्राप्ति निश्चित होगी लेकिन आज उधार के व्यवहार भी परेशानी में डालेंगे यथा सम्भव इनपर नियंत्रण रखें। पारिवारिक वातावरण में छोटी मोटी गलतफहमियां बनेगी आपसी तालमेल से इनपर विजय पा सकते है। महिलाए मामूली बातो का बतंगड़ बनाएंगी जिससे घर मे अशान्ति रहेगी। सेहत आज लगभग ठीक ही रहेगी। कन्या👩 (टो, पा, पी, पू, ष, ण, ठ, पे, पो) आज का दिन संभावनाओं पर ज्यादा केंद्रित रहेगा। परिश्रम करने में कमी नही रखेंगे फिर भी सफलता असफलता संपर्क में रहने वालों पर निर्भर रहेगी। मध्यान तक का समय उदासीनता में बीतेगा इसके बाद व्यस्तता बढ़ेगी कार्य व्यवसाय में गति आने से लाभ की संभावना जागेगी लेकिन धन प्राप्ति में विलंब होगा फिर भी आज के दिन से वृद्धि की आशा रख सकते है भले ही इसमें विलंब क्यो ना हो। सहकर्मी अपने मनमाने व्यवहार से कुछ समय के लिये परेशानी में डालेंगे लेकिन इससे बाहर भी स्वयं ही निकालेंगे। गृहस्थ में शांति रहेगी परन्तु आज किसी व्यक्ति विशेष का अभाव भी अनुभव करेंगे। सेहत को लेकर थोड़ी समस्या बनेगी पर प्रदर्शित नही करेंगे। तुला⚖️ (रा, री, रू, रे, रो, ता, ती, तू, ते) आज का दिन भी शारिरिक दृष्टिकोण से विपरीत रहेगा दिनचार्य अस्त व्यस्त रहेगी सहयोग मिलने पर भी अधिकांश कार्य समय पर पूरा नही कर सकेंगे। काम-धंदे को लेकर मन अशांत रहेगा किसी से पूर्व में किया वादा पूरा ना करने का डर मन मे रहेगा जिसका प्रभाव मानसिक दबाव बढ़ाएगा। विरोधी आपके ऊपर दया भाव प्रदर्शित करेंगे लेकिन फिर भी सावधान रहें ये कुचक्र भी हो सकता है। जल्द पैसा कमाने की मानसिकता आज कुछ ना कुछ नुकसान ही कराएगी इससे बचकर रहें। धन की आमद मध्यान बाद होगी लेकिन अनर्गल खर्च रहने से आवश्यक कार्यो पर खर्च नही कर पाएंगे। घर के सदस्यों का स्वार्थी व्यवहार मन दुख का कारण बनेगा। वृश्चिक🦂 (तो, ना, नी, नू, ने, नो, या, यी, यू) आज के दिन आपको दैनिक कार्यो के अतिरिक्त भाग दौड़ करनी पड़ेगा इसका कुछ न कुछ सकारात्मक परिणाम अवश्य मिलेगा। आज अधिकांश कार्य किसी अन्य पर निर्भर रहने के कारण अधूरे भी रह सकते है इसलिये स्वयं करने का प्रयत्न करें। कार्य व्यवसाय अथवा सरकारी क्षेत्र से शुभ समाचार मिलने या किसी घटना की संभावना मन को उत्साहित रखेगी। धन की आमद सीमित रहेगी लेकिन ख़र्च अनियंत्रित होने पर बजट प्रभावित होगा। कार्य क्षेत्र पर सहकर्मी अथवा अधिकारी वर्ग से गलतफहमी बनेगी फिर भी मामला गंभीर नही होने देंगे। परिवार के सदस्य से हानि हो सकती है धैर्य से काम लें। सेहत में अकस्मात नरमी आएगी। बुजुर्गो के प्रति आदर भाव बढेगा। धनु🏹 (ये, यो, भा, भी, भू, ध, फा, ढा, भे) आज आपका व्यवहार पल-पल में बदलने से संपर्क में रहने वालों को परेशानी आएगी आप कहेंगे कुछ करेंगे उसके विपरीत ही। दिन का आरंभिक भाग आलस्य में खराब होगा किसी कार्य मे एक बार विलंब होने पर सारी दिनचार्य बदल जाएगी अधिकांश कार्य आज विलंब से ही पूर्ण होंगे अथवा अधूरे रह जाएंगे लेकिन फिर भी धन लाभ कही ना कहीं से अवश्य होगा आकस्मिक होने पर आश्चर्य में पड़ेंगे। कार्य व्यवसाय में उधारी के व्यवहार से बचें बाद में परेशानी बनेगी। धन को लेकर किसी से कलह हो सकती है। आज विवेक से काम लें अन्यथा मनोकामना पूर्ति सम्भव नही होगी। आरोग्य में कमी रहेगी। मकर🐊 (भो, जा, जी, खी, खू, खा, खो, गा, गी) आज का दिन बौद्धिक कार्यो से सफलता दिलाएगा सामाजिक क्षेत्र अथवा गृहस्थ में आपके महत्त्वपूर्ण सुझाव मिलने से किसी ना किसी के जीवन को नई दिशा मिलेगी आपके प्रति लोगो का आदर भाव बढेगा परन्तु स्वयं के प्रति लापरवाह ही रहेंगे कार्य क्षेत्र पर धीमी गति से कार्य करने पर किसी के ताने सुनने पड़ेंगे फिर भी स्वभाव में परिवर्तन नही होगा। काम-धंधा कुछ समय के लिये ही फलदायी रहेगा लापरवाही की तो आज खर्च चलाने के लिये भी किसी से उधार लेना पड़ सकता है। नौकरी वाले लोग व्यवसायियों की तुलना में बेहतर रहेंगे लेकिन धन संबंधित मामले आज सभी के लिये चिंता का विषय बनेंगे। छाती में संक्रमण होने की सम्भवना है तले भुने एवं ठंडे प्रदार्थ के सेवन से बचें। कुंभ🍯 (गू, गे, गो, सा, सी, सू, से, सो, दा) आज का दिन आपके लिये कलहकारी रहेगा दिन के आरंभ से ही इससे बचने का प्रयास करेंगे लेकिन परिजन आज आपकी गलतिया खोज खोज कर गिनाएंगे आपने जो गलती की ही नही उसपर भी ताने सुनने को मिलेंगे। मौन धारण ही शांति का उत्तम उपाय है लेकिन ज्यादा देर तक धैर्य नही रखने पर मामला गंभीर होगा। कार्य क्षेत्र पर भी अधिकारी अथवा अन्य के साथ गरमा गरमी बढ़ने पर संबंध विच्छेद की संभावना है। नौकरी वाले लोग आज विशेष सतर्क रहें छोटी से भूल जीवन की दिशा बदल सकती है। धन लाभ कही ना कही से हो जाएगा लेकिन मानसिक उलझने यथावत रहेंगी। सेहत में उतार-चढ़ाव लगा रहेगा। मीन🐳 (दी, दू, थ, झ, ञ, दे, दो, चा, ची) आज का दिन लाभदायक रहेगा कार्य क्षेत्र पर आज आपसे प्रतिस्पर्धा करने वाले बहुत रहेंगे फिर भी अपने हिस्से का लाभ थोडे बौद्धिक परिश्रम से प्राप्त कर लेंगे। व्यवसायी वर्ग को दैनिक कार्यो की जगह आज जोखिम वाले कार्य से अधिक लाभ की संभावना है पूर्व में अथवा आज किया निवेश शीघ्र ही फलती होकर धन की आमद बढ़ाएगा। उधारी के व्यवहारों के कारण आज मन मे क्रोध भी रहेगा लेन देन को लेकर किसी से तीखी बहस हो सकती है धैर्य से काम लें अन्यथा आगे नुकसान हो सकता है। घर के सदस्यों पर नाजायज हुकुम चलाना नई समस्या को जन्म देगा परिजन आपके सामने ही उद्दंडता करेंगे। सेहत संध्या तक ठीक रहेगी इसके बाद कुछ विकार आ सकता है। 〰〰〰〰〰〰〰〰〰〰〰〰〰〰〰〰〰️

+217 प्रतिक्रिया 36 कॉमेंट्स • 273 शेयर

🕉श्री हरिहरो विजयतेतराम🕉 🌄सुप्रभातम🌄 🗓आज का पञ्चाङ्ग🗓 🌻बुधवार, १२ मई २०२१🌻 सूर्योदय: 🌄 ०५:३७ सूर्यास्त: 🌅 ०६:५४ चन्द्रोदय: 🌝 ०५:४३ चन्द्रास्त: 🌜१९:३७ अयन 🌕 उत्तराणायने (उत्तरगोलीय) ऋतु: 🍁 ग्रीष्म शक सम्वत: 👉 १९४३ (प्लव) विक्रम सम्वत: 👉 २०७८ (राक्षस) मास 👉 वैशाख पक्ष 👉 शुक्ल तिथि 👉 प्रतिपदा (२७:०५ तक) नक्षत्र 👉 कृत्तिका (२६:४० तक) योग 👉 शोभन (२३:४८ तक) प्रथम करण 👉 किंस्तुघ्न (१३:४७ तक) द्वितीय करण 👉 बव (२७:०५ तक) 〰〰〰〰〰〰〰〰〰〰〰️〰️ ॥ गोचर ग्रहा: ॥ 🌖🌗🌖🌗 सूर्य 🌟 मेष चंद्र 🌟 वृष (०६:१७ से) मंगल 🌟 मिथुन (उदित, पूर्व, मार्गी) बुध 🌟 वृष (उदित, पूर्व, मार्गी) गुरु 🌟 कुम्भ (उदय, पूर्व, मार्गी) शुक्र 🌟 वृष (उदय, पश्चिम, मार्गी) शनि 🌟 मकर (उदय, पूर्व, मार्गी) राहु 🌟 वृष केतु 🌟 वृश्चिक 〰〰〰〰〰〰〰〰〰〰 शुभाशुभ मुहूर्त विचार ⏳⏲⏳⏲⏳⏲⏳ 〰〰〰〰〰〰〰 अभिजित मुहूर्त 👉 ❌❌❌ अमृत काल 👉 २३:५७ से २५:४६ सर्वार्थसिद्धि योग 👉 ❌❌❌ विजय मुहूर्त 👉 १४:२९ से १५:२४ गोधूलि मुहूर्त 👉 १८:४८ से १९:१२ निशिता मुहूर्त 👉 २३:५२ से २४:३४ राहुकाल 👉 १२:१३ से १३:५५ राहुवास 👉 दक्षिण-पश्चिम यमगण्ड 👉 ०७:०७ से ०८:४९ होमाहुति 👉 सूर्य दिशाशूल 👉 उत्तर नक्षत्रशूल 👉 पश्चिम (२६:४० से) अग्निवास 👉 पाताल (२७:०५ पृथ्वी) चन्द्रवास 👉 पूर्व (दक्षिण ०६:१९ से) 〰️〰️〰️〰️〰️〰️〰️〰️〰️〰️〰️〰️ ☄चौघड़िया विचार☄ 〰️〰️〰️〰️〰️〰️〰️ ॥ दिन का चौघड़िया ॥ १ - लाभ २ - अमृत ३ - काल ४ - शुभ ५ - रोग ६ - उद्वेग ७ - चर ८ - लाभ ॥रात्रि का चौघड़िया॥ १ - उद्वेग २ - शुभ ३ - अमृत ४ - चर ५ - रोग ६ - काल ७ - लाभ ८ - उद्वेग नोट-- दिन और रात्रि के चौघड़िया का आरंभ क्रमशः सूर्योदय और सूर्यास्त से होता है। प्रत्येक चौघड़िए की अवधि डेढ़ घंटा होती है। 〰〰〰〰〰〰〰〰〰〰〰〰〰〰〰〰〰 शुभ यात्रा दिशा 🚌🚈🚗⛵🛫 दक्षिण-पूर्व (गुड़ अथवा दूध का सेवन कर यात्रा करें) 〰〰〰〰〰〰〰〰〰〰〰️〰️〰️〰️〰️ तिथि विशेष 🗓📆🗓📆 〰️〰️〰️〰️ वैशाख शुक्लपक्ष आरम्भ, पाराशर ऋषि जन्मोत्सव, गृहप्रवेश मुहूर्त प्रातः १०:४३ से १२:२३ तक आदि। 〰〰〰〰〰〰〰〰〰〰〰〰〰〰 आज जन्मे शिशुओं का नामकरण 〰〰〰〰〰〰〰〰〰️〰️ आज २६:४० तक जन्मे शिशुओ का नाम कृतिका नक्षत्र के द्वितीय, तृतीय एवं चतुर्थ चरण अनुसार क्रमशः (ई, उ, ए) नामाक्षर से तथा इसके बाद जन्मे शिशुओ का नाम रोहिणी नक्षत्र के प्रथम चरण अनुसार क्रमश (ओ) नामाक्षर से रखना शास्त्रसम्मत है। 〰〰〰〰〰〰〰〰〰〰〰〰〰〰〰〰〰 पञ्चक रहित मुहूर्त शुभ मुहूर्त - ०५:२५ से ०५:३८ मृत्यु पञ्चक - ०५:३८ से ०७:३२ अग्नि पञ्चक - ०७:३२ से ०९:४७ शुभ मुहूर्त - ०९:४७ से १२:०९ रज पञ्चक - १२:०९ से १४:२८ शुभ मुहूर्त - १४:२८ से १६:४६ चोर पञ्चक - १६:४६ से १९:०७ शुभ मुहूर्त - १९:०७ से २१:२६ रोग पञ्चक - २१:२६ से २३:२९ शुभ मुहूर्त - २३:२९ से २५:११ मृत्यु पञ्चक - २५:११ से २६:३६ अग्नि पञ्चक - २६:३६ से २६:४० शुभ मुहूर्त - २६:४० से २७:०५ रज पञ्चक - २७:०५ से २८:०० अग्नि पञ्चक - २८:०० से २९:२५ 〰〰〰〰〰〰〰〰〰〰 उदय-लग्न मुहूर्त मेष - २८:०४ बजे से ०५:३८ वृषभ - ०५:३८ से ०७:३२ मिथुन - ०७:३२ से ०९:४७ कर्क - ०९:४७ से १२:०९ सिंह - १२:०९ से १४:२८ कन्या - १४:२८ से १६:४६ तुला - १६:४६ से १९:०७ वृश्चिक - १९:०७ से २१:२६ धनु - २१:२६ से २३:२९ मकर - २३:२९ से २५:११ कुम्भ - २५:११ से २६:३६ मीन - २६:३६ से २८:०० 〰〰〰〰〰〰〰〰〰〰 आज का राशिफल 🐐🐂💏💮🐅👩 〰️〰️〰️〰️〰️〰️ मेष🐐 (चू, चे, चो, ला, ली, लू, ले, लो, अ) आज आप पूर्व में की गलतियों की समीक्षा करेंगे भविष्य को लेकर थोड़ी चिंता भी रहेगी। कार्य व्यवसाय में आज कही से भी लाभ की उम्मीद नजर नही आएगी फिर भी मानसिक रूप से संतोषी ही नजर आएंगे। धन को लेकर जोड़ तोड़ की नीति अपनाने की जगह शांति से परिस्थिति अनुकूल बनने की प्रतीक्षा में रहेंगे। मन की इच्छाओं की तुलना में आज कर्म कम ही करेंगे भागदौड़ से बच बैठकर लाभ कमाने के चक्कर मे रहना अभाव को जन्म देगा। शारीरिक रूप से भी थोड़ा कष्ट रहेगा। परिजनों की बनी बनाई योजना पर लचीले व्यवहार के कारण पानी फेर देंगे। वृष🐂 (ई, ऊ, ए, ओ, वा, वी, वू, वे, वो) आज का दिन बीते समय की तुलना में बेहतर बीतेगा। दिन के आरंभ में अधिकांश कार्य हानि होने के डर से करने से कतराएंगे मध्यान तक मन पर चंचलता हावी रहेगी अनिर्णय की स्थिति अव्यवस्था बढ़ाएगी। किसी अनुभवी की सलाह मिलने पर हिम्मत आएगी कार्य व्यवसाय से आज लाभ की उम्मीद कम ही रखें निवेश करने से ना डरें भविष्य के लाभ के लिए आवश्यक है। धन लाभ की कामना संध्या तक पूर्ण होगी लेकिन कुछ कमी के साथ। वर्जित कार्यो में रुचि रहेगी जो सम्मान के साथ धन हानि का कारण बन सकती है इससे दूर रहें। खासी जुखाम से पीड़ा की संभावना है। मिथुन👫 (का, की, कू, घ, ङ, छ, के, को, हा) आज के दिन से आप काफी उम्मीद लगाए रहेंगे लेकिन दिन निराश करने वाल रहेगा। आवश्यक कार्य मनमौजी प्रवृति के कारण अधूरे रहेंगे। जिस कार्य से लाभ की आशा रहेगी उसमे किसी का हस्तक्षेप पड़ने से हानि होगीं। भागीदारी के कार्य मे स्पष्टता रखें गलतफहमी संबंद तोड़ सकती है। धन लाभ की संभावनाए ही बनेगी लेकिन पूर्ण नही हो सकेगी। लोग आपका सहयोग करने की जगह त्रुटियां निकालेंगे। रमणीय पयर्टक स्थल की यात्रा होगी खर्च में नियंत्रण रखने पर भी अकस्मात होने से कोष में कमी आएगी। शारीरिक रूप से कुछ ना कुछ कमी बनी रहेगी। जोखिम वाले कार्यो से आज डोर रहना ही बेहतर रहेगा। कर्क🦀 (ही, हू, हे, हो, डा, डी, डू, डे, डो) आज के दिन भगदौड़ भरी जिंदगी में शांति की तलाश में रहेंगे मन में आज कुछ ना कुछ उठापटक लगी रहेगी। दिन के आरंभ में जो भी योजना बनाएंगे अन्य कार्य आने से इनमे फेरबदल करना पड़ेगा। कार्य व्यवसाय की जगह आज सार्वजनिक क्षेत्र से उम्मीद अधिक रहेगी। व्यवसायी वर्ग सही दिशा में जा रहे कार्यो के प्रति आशंकित रहेंगे लाभ के नजदीक पहुच कर निर्णय बदलने पर होने वाले लाभ में कमी आएगी। सरकारी कार्य धीमी गति से आगे बढ़ेंगे। मित्र परिचितों से संबंधो में मधुरता बढ़ेगी फिर भी छोटी-छोटी बातों को अनदेखा करना ही बेहतर रहेगा। परिवार में बीमारियों के कारण उदासीनता रहेगी। सिंह🦁 (मा, मी, मू, मे, मो, टा, टी, टू, टे) आज दिन का आरंभ शांति से व्यतीत होगा लेकिन इसके बाद व्यर्थ के प्रपंचो में पड़कर मानसिक शांति खो देंगे। करने योग्य कार्य छोड़ अनर्गल प्रवृतियों में समय और धन नष्ट करेंगे। सरकारी क्षेत्र से आशाजनक समाचार मिलेंगे लेकिन सफलता आज संदिग्ध ही रहेगी। कार्य व्यवसाय में बड़ा निर्णय लेने का विचार बनाएंगे यह भविष्य के लिये लाभदायक रहेगा। धन की आमद सोच से थोड़ी कम रहेगी पुराने कार्यो से लाभ होगा लेकिन ज्यादा देर टिकेगा नही। व्यापार विस्तार की योजना भी बनाएंगे जिसमे सफलता निश्चित रहेगी। घर में किसी खुशखबरी के मिलने से आनंद का वातावरण बनेगा। सेहत सामान्य रहेगी। कन्या👩 (टो, पा, पी, पू, ष, ण, ठ, पे, पो) आज दिन के पूर्वार्ध की संतोषी प्रवृति मध्यान तक बेचैनी में बदल जाएगी। धन को लेकर आज कोई जोखिम नही लेंगे लेकिन लाभ पाने के लिये किसी भी प्रकार से कसर भी नही छोड़ेंगे दिन भर के कार्य कलापो से असंतोष होगा परन्तु आकस्मिक लाभ होने पर थोड़ी राहत मिलेगी आज आप जिस लाभ के अधिकारी है उसमें किसी का गलत मार्गदर्शन कमी लाएगा फिर भी खर्चो की पूर्ति आसानी से हो जाएगी। नौकरी वाले लोग धन लाभ की आशा में रहेंगे पर आज निराश ही होना पड़ेगा। परिवार के सदस्य अन्य की कमिया बता स्वय की गलती पर पर्दा डालेंगे थोड़े मतभेद के बाद भी शांति रहेगी। तुला⚖️ (रा, री, रू, रे, रो, ता, ती, तू, ते) आज दिन के पहले भाग को छोड़ शेष समय शारीरिक एवं मानसिक समस्या का सामना करना पड़ेगा प्रातः काल से ही स्वास्थ्य में नरमी आने लगेगी लेकिन इसके प्रति लापरवाही करेंगे परिणाम स्वरूप मध्यान बाद स्थिति खराब होने लगेगी लेकिन ज्यादा गंभीर भी नही होगी। लेदेकर अपने नियमित कार्यो को किसी के सहयोग से पूरा कर लेंगे। धन की आमद आज आशाजनक नही रहेगी। सरकारी अथवा अन्य महत्त्वपूर्ण कार्यो को आज टालना ही बेहतर रहेगा। धन खर्च करने पर भी अधिकतर कार्य अधूरे ही रहेंगे। परिजनों के साथ संबंधो में रुखापन आएगा मतलब से बात करेंगे। वृश्चिक🦂 (तो, ना, नी, नू, ने, नो, या, यी, यू) आज का दिन सभी कार्य मे सफलता दिलाएगा। पूर्व में किये गए परिश्रम का फल आज अवश्य ही धन लाभ के रूप में मिलेगा लेकिन ध्यान रहे व्यवहारिकता से ही लाभ में वृद्धि हो सकती है लोभ अथवा अहम में रहे तो लाभ सीमित रह जायेगा। कार्य व्यवसाय में बिना किसी सहयोग के उन्नति होगी भविष्य की योजनाओं पर खर्च के साथ बचत भी करेंगे। सरकारी कार्य भी थोड़े बौद्धिक श्रम से धन खर्च कर बना लेंगे। दिमागी रूप से शांत रहने के कारण परिजनों के साथ संबंधों में निकटता आएगी। वृद्धजन का आशीर्वाद मिलेगा परोपकार की भावना आज कम ही रहेगी। धनु🏹 (ये, यो, भा, भी, भू, ध, फा, ढा, भे) आज दिन के आरंभिक भाग को छोड़ शेष सामान्य रहेगा। प्रातः काल सेहत में नरमी रहेगी लेकिन पहले की अपेक्षा सुधार भी आएगा आलस्य के कारण कार्य के प्रति टालमटोल करेंगे मध्यान बाद मानसिक रूप से स्थिरता आएगी कार्यो के प्रति गंभीरता बढ़ेगी लेकिन मजबूरी में ही करेंगे। धार्मिक कार्यो में आस्था मजबूत होगी। कार्य व्यवसाय से आज ज्यादा आशा नही रहेगी फिर भी दौड़ धूप का सकारात्मक परिणाम भविष्य में लाभ की आशा बनाए रखेगा। परिजन आपकी गतिविधयों पर नजर रखेंगे किसी भी अनैतिक कार्य से बचें अन्यथा सुख शांति बिगड़ सकती है। धन लाभ से खर्च ज्यादा रहेगा। मकर🐊 (भो, जा, जी, खी, खू, खा, खो, गा, गी) आज के दिन बुद्धि विवेक में विकास होगा लेकिन इससे मनिच्छित सफलता नही मिल सकेगी दिन के पहले भाग में घर मे पुरानी बात के कारण मतभेद रहेंगे शांत रहने का प्रयास करें अन्यथा दिन भर मानसिक अशांति रहेगी। कार्य क्षेत्र पर नए तरीके से काम करने का प्रयास करेंगे इससे अन्य लोगो मे आपकी बुद्धि कौशल का प्रचार होगा पर धन लाभ के लिये तरसना पड़ेगा परिश्रम करने पर भी अल्प लाभ से संतोष करना पड़ेगा। लोग केवल मीठा बोलकर अपना हित साधेंगे सहयोग कोई नही करेगा। सेहत में उतार-चढ़ाव बना रहेगा। परिवार की आवश्यकता पूर्ती करने में असमर्थ रहेंगे। कुंभ🍯 (गू, गे, गो, सा, सी, सू, से, सो, दा) आज दिन के आरंभ में किसी गुप्त कारण से चिंतित रहेंगे स्वयं अथवा किसी परिजन की गलती के कारण घर मे कलह होने की आशंका से मन व्याकुल रहेगा परिजनों के आगे सोच समझकर ही बात करें डर के कारण उलजुलूल बयानों से खुद ही शक पैदा करेंगे। कार्य क्षेत्र पर भी शांति की कमी रहेगी धन अथवा किसी वस्तु को लेकर गरमा गरमी होने की संभावना है। लाभ की संभावनाए बनते बनते बिगड़ेंगी। सामाजिक एवं पारिवारिक व्यवहारों की जगह मौज-शौक पर खर्च करेंगे। सहयोगियों से आज कम ही बनेगी। मानसिक दबाव के कारण सर दर्द रहेगा। मीन🐳 (दी, दू, थ, झ, ञ, दे, दो, चा, ची) आज के दिन पूर्वार्ध में पहले मिली सफलता के कारण निश्चिन्त रहेंगे महत्त्वपूर्ण कार्यो में लापरवाही करेंगे लेकिन मध्यान के बाद ही स्थिति को भाँप कर मेहनत के लिये प्रेरित होंगे। आज किये परिश्रम का फल निकट भविष्य में कुछ ना कुछ आर्थिक अथवा अन्य प्रकार से वृद्धि कराएगा। घर मे सुखोपभोग के साधन की खरीद की योजना बनेगी परन्तु आज बजट की कमी के कारण टालना भी पड़ सकता है। धन लाभ आशाजनक लेकिन भाग दौड़ के बाद ही होगा खर्च साथ लगे रहने से परिजनों की इच्छापूर्ति करने में विलंब होगा फिर भी आपसी तालमेल बना रहेगा स्वास्थ्य को लेकर आशंकित रहेंगे। 〰〰〰〰〰〰〰〰〰〰〰〰〰〰〰〰〰️

+210 प्रतिक्रिया 25 कॉमेंट्स • 241 शेयर

।।ओम नमः शिवाय।। रोग निवारण के उपाय ✨ 🎉 🎆 जिस घर में जब कोई रोग आ जाता है तो उस रोगी के साथ साथ उस घर के सभी व्यक्ति भी मानसिक रूप से चिंता और आशांति का अनुभव करने लगते है , लेकिन कुछ छोटी छोटी बातो को ध्यान में रखकर हम हालत पर काबू पा सकते है , शीघ्र स्वास्थ्य लाभ प्राप्त कर सकते है । 🎇 1.यदि आपके परिवार में कोई व्यक्ति बीमार है तो अगर संभव हो तो उसे सोमवार को डॉक्टर को दिखाएँ और उसकी दवा की पहली खुराक भगवान शिव को अर्पित करके कुछ राशी भी चड़ा दें और रोगी व्यक्ति के शीघ्र स्वास्थ्य लाभ की प्रार्थना करें , व्यक्ति के बहुत जल्दी ही ठीक हो जाने की सम्भावना बन जाती है । 🎀 2.हर पूर्णिमा को किसी भी शिव मंदिर में भगवान भोलेनाथ से अपने परिवार को निरोग रखने की प्रार्थना रखें ,तत्पश्चात मंदिर में और गरीबों में कुछ ना कुछ फल,मिठाई और नगद दान अवश्य दें । 🎊 3.रोगी व्यक्ति को मंगलवार और शनिवार किसी भी दिन हनुमान जी की मूर्ति से सिंदूर लेकर उसके माथे पर लगाने से उसका दिल मजबूत होता है और रोगी जल्दी स्वस्थ भी होता है । 🎋 4.यदि कोई बीमार व्यक्ति प्रात: काल एक गिलास पानी लेकर पूर्व दिशा की ओर मुंह करके खड़े होकर एँ मन्त्र का 21 बार जाप करके पी जाय एवं ईश्वर से अपने रोग को दूर करने के लिए प्रार्थना करें तो शीघ्र ही स्वास्थ्य लाभ प्राप्त होता है। यह प्रयोग सोमवार से शुरू करके रविवार तक लगातार 7 दिन तक करना चाहिए । 🎉 5.अशोक के वृक्ष की ताजा तीन पत्तियों को प्रतिदिन प्रातः चबाने से चिंताओं से मुक्ति मिलती है और स्वास्थ्य भी उत्तम बना रहता है । 🎈 6.यदि किसी बीमार व्यक्ति का रोग ठीक ना हो रहा हो तो उसके तकिये के नीचे सहदेई और पीपल की जड़ रखने से बीमारी जल्दी ठीक होती है । 🎇 7.यदि किसी रोगी को मृत्युतुल्य पीड़ा हो रही हो , तो जौ के आटे ( बाजार में यह आसानी से उपलब्ध है ) में काले तिल और सरसों का तेल मिला कर रोटी बना कर रोगी के ऊपर से 7 बार उतार कर भेस को खिलाने से त्वरित लाम होता ह्रै♌ .

+353 प्रतिक्रिया 58 कॉमेंट्स • 544 शेयर

. गोपेश्वर महादेव एक बार शरद पूर्णिमा की शरत-उज्ज्वल चाँदनी में वंशीवट यमुना के किनारे श्याम सुंदर साक्षात मन्मथनाथ की वंशी बज उठी। श्रीकृष्ण ने छ: मास की एक रात्रि करके मन्मथ का मानमर्दन करने के लिए महारास किया था। मनमोहन की मीठी मुरली ने कैलाश पर विराजमान भगवान श्री शंकर को मोह लिया, समाधि भंग हो गयी। बाबा वृंदावन की ओर बावरे होकर चल पड़े। पार्वती जी भी मनाकर हार गयीं, किंतु त्रिपुरारि माने नहीं। भगवान श्रीकृष्ण के परम भक्त श्री आसुरि मुनि, पार्वती जी, नन्दी, श्रीगणेश, श्रीकार्तिकेय के साथ भगवान शंकर वृंदावन के वंशीवट पर आ गये। वंशीवट जहाँ महारास हो रहा था, वहाँ गोलोकवासिनी गोपियाँ द्वार पर खड़ी हुई थीं। पार्वती जी तो महारास में अंदर प्रवेश कर गयीं, किंतु द्वारपालिकाओं ने श्रीमहादेवजी और श्रीआसुरि मुनि को अंदर जाने से रोक दिया, बोलीं, "श्रेष्ठ जनों" श्रीकृष्ण के अतिरिक्त अन्य कोई पुरुष इस एकांत महारास में प्रवेश नहीं कर सकता। श्री शिवजी बोले, "देवियों! हमें भी श्रीराधा-कृष्ण के दर्शनों की लालसा है, अत: आप ही लोग कोई उपाय बतलाइये, जिससे कि हम महाराज के दर्शन पा सकें?" ललिता नामक सखी बोली, यदि आप महारास देखना चाहते हैं तो गोपी बन जाइए। मानसरोवर में स्नान कर गोपी का रूप धारण करके महारास में प्रवेश हुआ जा सकता है। फिर क्या था, भगवान शिव अर्धनारीश्वर से पूरे नारी-रूप बन गये। श्रीयमुना जी ने षोडश श्रृंगार कर दिया, तो बाबा भोलेनाथ गोपी रूप हो गये। प्रसन्न मन से वे गोपी-वेष में महारास में प्रवेश कर गये। श्री शिवजी मोहिनी-वेष में मोहन की रासस्थली में गोपियों के मण्डल में मिलकर अतृप्त नेत्रों से विश्वमोहन की रूप-माधुरी का पान करने लगे। नटवर-वेषधारी, श्रीरासविहारी, रासेश्वरी, रसमयी श्रीराधाजी एवं गोपियों को नृत्य एवं रास करते हुए देख नटराज भोलेनाथ भी स्वयं ता-ता थैया कर नाच उठे। मोहन ने ऐसी मोहिनी वंशी बजायी कि सुधि-बुधि भूल गये भोलेनाथ। बनवारी से क्या कुछ छिपा है। मुस्कुरा उठे, पहचान लिया भोलेनाथ को। उन्होंने रासेश्वरी श्रीराधा व गोपियों को छोड़कर ब्रज-वनिताओं और लताओं के बीच में गोपी रूप धारी गौरीनाथ का हाथ पकड़ लिया और मन्द-मन्द मुस्कुराते हुए बड़े ही आदर-सत्कार से बोले, "आइये स्वागत है, महाराज गोपेश्वर। श्रीराधा आदि श्रीगोपीश्वर महादेव के मोहिनी गोपी के रूप को देखकर आश्चर्य में पड़ गयीं। तब श्रीकृष्ण ने कहा, "राधे, यह कोई गोपी नहीं है, ये तो साक्षात् भगवान शंकर हैं। हमारे महारास के दर्शन के लिए इन्होंने गोपी का रूप धारण किया है। तब श्रीराधा-कृष्ण ने हँसते हुए शिव जी से पूछा, "भगवन! आपने यह गोपी वेष क्यों बनाया? भगवान शंकर बोले, "प्रभो! आपकी यह दिव्य रसमयी प्रेमलीला-महारास देखने के लिए गोपी-रूप धारण किया है। इस पर प्रसन्न होकर श्रीराधाजी ने श्रीमहादेव जी से वर माँगने को कहा तो श्रीशिव जी ने यह वर माँगा "हम चाहते हैं कि यहाँ आप दोनों के चरण-कमलों में सदा ही हमारा वास हो। आप दोनों के चरण-कमलों के बिना हम कहीं अन्यत्र वास करना नहीं चाहते हैं। भगवान श्रीकृष्ण ने `तथास्तु' कहकर कालिन्दी के निकट निकुंज के पास, वंशीवट के सम्मुख भगवान महादेवजी को `श्रीगोपेश्वर महादेव' के नाम से स्थापित कर विराजमान कर दिया। श्रीराधा-कृष्ण और गोपी-गोपियों ने उनकी पूजा की और कहा कि ब्रज-वृंदावन की यात्रा तभी पूर्ण होगी, जब व्यक्ति आपके दर्शन कर लेगा। आपके दर्शन किये बिना यात्रा अधूरी रहेगी। भगवान शंकर वृंदावन में आज भी `गोपेश्वर महादेव' के रूप में विराजमान हैं और भक्तों को अपने दिव्य गोपी-वेष में दर्शन दे रहे हैं। गर्भगृह के बाहर पार्वतीजी, श्रीगणेश, श्रीनन्दी विराजमान हैं। आज भी संध्या के समय भगवान का गोपीवेश में दिव्य श्रृंगार होता है। ----------:::×:::---------- "हर हर महादेव" *******************************************

+250 प्रतिक्रिया 43 कॉमेंट्स • 109 शेयर