राममंदिर

अगर आप #भगवान के प्रति थोड़ी- सी भी आस्था रखते हो तो इस पोस्ट को पूरा पढ़ें और विचार करें 👇👇 वेदों में लिखा हुआ है कि परमात्मा हमारी आयु भी बढ़ा सकता है, सभी रोगों से मुक्त कर सकता है तथा दुख कष्ट संकटो को काट सकता है... फिर हमारी अकाल मृत्यु क्यों होती है ?? वह पूर्ण परमात्मा कौन है? क्या नाम है? कहां रहता है? किसने देखा है? किस-किस को मिले हैं? अब वर्तमान में किस-किस ने सतलोक और पूर्ण परमात्मा को आंखों देखकर आए हैं? उसकी पूजा की विधि क्या है? सृष्टि की रचना कैसे हुई है? ब्रह्मा, विष्णु, महेश भी काल जाल में जन्म मृत्यु में 84 लाख योनियों के चक्र में महा कष्ट झेलते हैं | ब्रह्मा, विष्णु, महेश, की स्थिति क्या है? तथा पूर्ण मोक्ष कैसे मिलेगा ? पूर्ण परमात्मा हमें इस काल के लोक से निकाल कर अपने लोक (सतलोक) में ले जाने के लिए चारों युगों में आते हैं और सद् भक्ति प्रदान करके सतलोक में ले जाते हैं, जहां पर जाने के बाद हमारी कभी मृत्यु नहीं होती, वृद्धावस्था (बुढ़ापा) नहीं आता, हमेशा युवा बने रहते हैं , वहां पर भी ऐसी ही सृष्टि है वहां हमारा आलीशान मकान परमात्मा द्वारा उपलब्ध है ऐसे ही परिवार बनेगा , वहां पर बाग-बगीचे, सेब-संतरे, काजू-किशमिश और दूधों की नदियां बहती है, स्वादिष्ट खाद्य पदार्थ उपलब्ध है, वहां पर हमें परमात्मा की भक्ति व सुमिरन के अलावा कोई काम नहीं करना पड़ता, परमात्मा द्वारा सब निशुल्क उपलब्ध होता है। जानिए पूरी जानकारी आध्यात्मिक पुस्तक "ज्ञान गंगा".....बिल्कुल निशुल्क मंगाने के लिए अपना नाम :- ........ पूरा पता :- ........ फोन नम्बर :- …....... Comment box में दे! यह पुस्तक सभी धर्मों के #शास्त्रों 📚 पर आधारित है। पुस्तक #ज्ञान_गंगा 100% निशुल्क है, होम डिलीवरी भी निशुल्क है। 30 दिन के अंदर #पुस्तक आपके घर पहुंच जाएगी। #संत_रामपाल_जी_महाराज की इस पुस्तक को पढ़िए कोई चार्ज नहीं है, बिल्कुल फ्री पुस्तक प्राप्त करें फ्री फ्री फ्री फ्री फ्री फ्री फ्री फ्री

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राम राम 👏 🚩 राम मंदिर के लिए कई लोगों ने दान दिया; लेकिन 'हां' चेक सबसे ज्यादा चर्चित है नई दिल्ली: अयोध्या में भव्य राम मंदिर के लिए पिछले 44 दिनों से फंड जुटाया जा रहा है। शिलान्यास अभियान कल (शनिवार) को संपन्न हुआ। पिछले डेढ़ महीने में, बहुत से लोगों ने राम मंदिर के लिए जितना दान किया, उतना दान किया। इसमें आम आदमी से लेकर राजनीति के कई दिग्गज शामिल हैं। हालांकि, राम मंदिर के लिए एक व्यक्ति द्वारा दिए गए 2 लाख 14 हजार 214 रुपये के चेक की हर जगह चर्चा हो रही है। चेक के पीछे एक विशेष कारण है जो सोशल मीडिया पर ’राम राम’ के रूप में वायरल हुआ। राम मंदिर के लिए 2 लाख 14 हजार 214 रुपये दान करने वाले व्यक्ति ने चेक पर अंग्रेजी में यह आंकड़ा लिखा है। यह संख्या (2,14,214) इसलिए लिखी गई है ताकि यह देवनागरी में 'राम राम' की तरह लगे। इसलिए, कई लोगों ने लेखन की रचनात्मकता की सराहना की है। जय श्री राम 🌹 👏 🚩 शुभ संध्या वंदन 🌹 👏 🚩 जय श्री राम जय श्री हनुमान जी जय श्री सिता माता की जय हो धन उगाहने का अभियान पूरा; मंदिर के लिए 2100 करोड़ रुपये का दान बोर्ड ऑफ ट्रस्टीज ने बताया कि अयोध्या में राम मंदिर के निर्माण के लिए शुरू किए गए धन उगाही अभियान से 2100 करोड़ रुपये से अधिक की वसूली की गई है। शिलान्यास अभियान 15 जनवरी को शुरू हुआ था। इससे पहले, न्यासी बोर्ड ने अनुमान लगाया था कि यह 1,100 करोड़ रुपये जुटाएगा। हालांकि, पूरे देश से सहज दान के कारण, एकत्र की गई राशि अपेक्षित राशि से लगभग दोगुनी थी। 'देश भर के भक्तों ने राम मंदिर के लिए बड़ी श्रद्धा के साथ दान दिया। इसके लिए शुरू किया गया अभियान अब समाप्त हो गया है। लोगों ने मंदिर के लिए उदारतापूर्वक दान दिया। शनिवार तक, श्री राम जन्मभूमि श्राइन ट्रस्ट के कोषाध्यक्ष गोविंद देव गिरि ने कहा, 2100 करोड़ रुपये का दान एकत्र किया गया है।

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लोग आयोध्या में अपने आराध्य भगवान श्रीराम के भव्य मंदिर निर्माण के लिए निधि समर्पण अभियान के तहत बढ़चढ़कर योगदान दे रहे हैं इसी क्रम इस अभियान के आखिरी दिन बाबरी मस्जिद मामले के पक्षकार रहे इकबाल अंसारी ने अपने परिवार के सभी सदस्यों के नाम से 'गुप्त दान' किया है। इकबाल अंसारी ने कहा कि- हमारा मजहब इस्लाम कहता है कि दान गुप्त ही देना चाहिए एक हाथ से दिया गया दान दूसरे हाथ को मालूम नहीं हो, उनका कहना है कि धर्म के कार्य के लिए सभी को दान करना चाहिए, दान लेना हिन्दू, मुस्लिम, सिख, ईसाई सभी धर्मों में मान्य है। बाबरी मस्जिद मामले के पक्षकार रहे इकबाल अंसारी ने राम मंदिर के लिए किया 'गुप्त दान' समर्पण निधि की शुरुआत मकर संक्रांति से हुई थी और समाप्ति माघ पूर्णिमा, संत रविदास जयंती के दिन 27 फरवरी को हो गई है इस दौरान लोगों ने इस अभियान में खासे उत्साह के साथ हिस्सा लिया और समर्पण निधि भगवान राम के मंदिर के लिए अर्पण की। इस मौके पर अंसारी ने कहा कि अयोध्या धार्मिक नगरी है और धर्म के काम में सभी को सहयोग करना चाहिए उन्होंने कहा कि अयोध्या धर्म नगरी है सभी धर्मों के देवी-देवता यहां विराजमान हैं, इसलिए सभी को इस मंदिर के निर्माण में सहयोग करना चाहिए। इकबाल अंसारी ने 'श्रमदान' की जताई इच्छा मुस्लिम पक्षकार इकबाल अंसारी ने राम मंदिर निर्माण में श्रमदान करने की इच्छा जताई है। इकबाल अंसारी चाहते हैं कि देश में ही नहीं पूरे विश्व में हिंदू-मुस्लिम एकता का एक संदेश पहुंचे। वे चाहते हैं कि लोगों को पता चले कि भारत में हिंदू और मुस्लिम एक दूसरे के धर्म का आदर करते हुए भाईचारे के साथ रहते हैं।  "अब हिंदू और मुसलमान में कोई विवाद नहीं रहा" अयोध्या में राम मंदिर निर्माण के लिए नींव खुदाई का कार्य तेजी से चल रहा है, उन्होंने कहा कि सुप्रीम कोर्ट में मुकदमा था लेकिन आज सारी चीजें खत्म हो चुकी हैं, अब हिंदू और मुसलमान में कोई विवाद नहीं रहा इसलिए अब मंदिर के निर्माण का कार्य शुरू है और हम उसमें श्रमदान करेंगे। जय श्री राम 🌹 👏 🚩   नमस्कार 🙏 शुभ संध्या वंदन 🌹 👏 🚩 🌄🚩🐚👏💥🎪

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