भक्ति_और_ज्ञान

Payal Feb 24, 2020

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Ravindra Singh Feb 24, 2020

#नानक देव जी से पहले कोई सिक्ख नहीं था #जीसस से पहले कोई ईसाई नहीं था । #मुहम्मद से पहले कोई मुसलमान नहीं था । #ऋषभदेव से पहले कोई जैनी नहीं था । #बुद्घ से पहले कोई बुद्धिस्ट नहीं था । #कार्ल मार्क्स से पहले कोई वामपंथी नहीं था । लेकिन :-- कृष्ण से पहले । राम से पहले । जमद्गनि से पहले । अत्री से पहले । अगस्त्य से पहले । पतञ्जलि से पहले । कणाद से पहले । याज्ञवलक्य से पहले । सभी सनातन वैदिक धर्मी थे । ⚓क्योंकि एक व्यक्ति विशेष के द्वारा तो मत; पंथ; सम्प्रदाय; रिलिजन; आदि चला करते हैं । धर्म किसी व्यक्ति विशेष द्वारा नहीं चला करता| वह ईश्वर ने सभी मनुष्यों को आज से १अरब, ९६करोड, ८लाख, ५३हजार, ११५वर्ष पुर्व समान रूप से वेद के संविधान रूप में दिया है । 🔕लेकीन वेदो की आज्ञा का उल्घन कर भारत में महाभारत का युद्ध रचा गया !! 🚫परिणाम:- उसके उपरान्त विगत 2,500-3,000 वर्षो से आज तक 3,000 से भी अधीक मत-पंथ, समप्रदाय, पूजा-पद्धतियाँ बन चुकी है,और उन सभी का दावा है-की उनके गुरू भगवान प्रेरक के द्वारा बताया गया "ग्रंथ" मत-पंथ, समप्रदाय, पूजा-पद्धतियाँ विश्व मे सर्वश्रेष्ठ हैं____ उन सभी से एक आसान सा सवाल ??? 🔄क्या ??? आपके मत-पंथ, समप्रदाय, के प्रवर्तक को साइंस, ज्योग्राफी, फिजीक्स, बायो, केमेस्ट्री, काॅमर्स, इंजरियंग, खगोलशास्त्र, गणीत, विमानशास्त्र, जेसे आधुनीक विषयो का ज्ञान था ? अगर था तो अपने "धर्मग्रंथो" मे बताऐ ?? नही तो किसी अल्पज्ञ को देवता यॉ देवदूत क्यो मानते हो ??? 🌞ईश्वर----तो सर्वज्ञ है---- उसने सृष्टी के प्रारम्भ मे हीे मानव मात्र के कल्याण के लिऐ वेदौ के माध्यम से----- साइंस, ज्योग्राफी, फिजीक्स, बायो, केमेस्ट्री, काॅमर्स, इंजरियंग, खगोलशास्त्र, गणीत, विमानशास्त्र, जेसे आधुनीक विषयो की सम्पुर्ण जानकारीयां कूट-कूट करके भरी हैं ??? इसका सबसे ताजा उदहारणा है------ महर्षी दयानन्द सरसवती द्वारा रचित "ऋग्वेदादी भाष्यभुमिका" व "विमानशास्त्र" के आधार पर राॅइट बंधुऔ से भी ११ वर्ष पुर्व विमान बनाने वाले शिवकर बापूजी तलपदे पर बनी फिल्म "हवाजादे" !!! 👤अपनी अंतर आत्मा में उठती परमपिता परमात्मा की आवाज सुनो छोटे-छोटे मत-पंथ समप्रदाय का त्यागें करे ओर सत्य सनातन "वैदीक धर्म" की ओर लौट चलो |।

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