🌸🌻 SUPRABHAT 🌻🌹 HAPPY WEDNESDAY 🌹🌼 JAI SHREE GANESH 🌻🌹 GANESH JI KI KRIPA HUM SAB PAR BANI RAHE 🌹🌼

शुभमुहूर्त।

स्नेहा की गर्भावस्था का आखरी महीना चल रहा था। ये स्नेहा की पहली प्रसूति थी। बुआजी जब कभी आती तो कहती भाभी देख लेना स्नेहा को पहला बेटा ही होगा । उसकी सास भी कहती हाँ दीदी मुझे पता है स्नेहा को बेटा ही होगा तब देखना मैं अपनी बहू को एक अच्छी सी गाड़ी बतौर नज़राना दूंगी उसे ऑफिस जाने के लिये ।बच्चे के साथ वो कम से कम अपने हिसाब से घर से निकल तो सकेगी ।अभी तो जब बस आ जाए उसको जाना ही होता है।
पिछले चार महीनों से वो छुट्टी लेकर घर पर ही थी।सास ससुर और निखिल उसके पति उसका बहुत ध्यान रख रहे थे। उस पर से सासु माँ का कड़क अनुसाशन और गर्म मिज़ाज़ उसे जरा भी लापरवाही नही करने देते ।उसका पूरा ख्याल रखा जा रहा था उसे लगता की सब कुछ शायद बेटे की चाह मैं हो रहा है।फिर ये जुलाई-अगस्त का उमस भरा मौसम उसे बेचैन कर देता था। कभी रात भर नींद नही आती तो कभी घने बादलों की गर्जना से पैदा हुई बिजली की चमक जब अंधेरे को चीरकर उसके कमरे मे पड़ती तो वो डर कर सीमट जाती। और कभी सोचने लगती की कभी बेटा न हुआ तो क्या तब भी सब ऐसा ही रहेगा ,??ऐसे ही आज की भी सारी रात निकल गयी और सुबह होते होते उसे प्रसव वेदना होने लगी। उसे तुरंत अस्पताल ले जाया गया । उसने देखा कि बाहर पूरी प्रकृति ओस के मोती लगी हरियाली की चादर ओढ़े उसके होने वाले बच्चे के स्वागत मैं खड़ी है।तीन घंटो की प्रसव वेदना के बाद उसने सुंदर सी बच्ची को जन्म दिया ।बच्ची को देखते ही वो अपना हर कष्ट भूल गयी ,लेकिन सासु माँ का ख्याल आते ही उदास हो गयी उनके सपने का क्या? तभी उसने देखा कि सासु माँ फ़ोन पर बात कर रही है और अपनी पोती को निहारते हुअपनी बेटी को फ़ोन पर कह रही है कि वसुधा तीन दिन बाद राखी है लेकिन तुम कल ही आ जाओ तुम्हारी भाभी ने सुंदर सी बेटी को जन्म दिया है और हां गोलू को जरूर लाना अब उसके मामा के घर भी उसे राखी बांधने के लिए बहन आ गयी है। ओर निखिल तुम मेरी बहु के लिए गाड़ी आज ही बुक कर दो आज से ज्यादा शुभमुहूर्त कोई हो ही नही सकता आज मेरे घर लक्ष्मी जो आयी है। आंसू जो स्नेहा की पलको मे आकर रुक गए थे वो सासु माँ की प्यार भरी बातों की बरसात मे बह गए और उसने प्यार से अपनी बच्ची का सर चुम लिया।

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कामेंट्स

Sudarshan Bhardwaj May 10, 2020

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Sunita Pawar May 10, 2020

*“कैसे किया माता-पिता ने अपने पुत्रो का मार्गदर्शन?”* 🙏🏻🚩🌹 👁❗👁 🌹🚩🙏🏻 एक राजा और रानी थे, जिनकी प्रजा बहुत खुश थी, राजा-रानी ने सदैव प्रजा के हीत में कार्य किये | उनके दो पुत्र थे लव एवम कुश | दोनों के विचारों में बहुत मतभेद था जिस कारण वे दोनों सदा ही लड़ते रहते थे, दोनों बहुत बलवान एवम गुणी थे, लेकिन उनकी आपसी लड़ाई, राजा रानी के लिए चिंता का विषय था | दोनों पुत्रो को राज काज सम्भालना था ऐसे में उनके बीच मतभेद उनका ही शत्रु था | एक दिन, राजा-रानी ने दोनों को एक दुसरे के दृष्टिकोण को समझाने की योजना बनाई| लव और कुश को एक बाग़ में बुलवाया गया और उनकी आँख में पट्टी बाँधकर उन्हें बाग़ में बनी एक दीवार के पास ले जाया गया | उस दीवार की एक तरफ सूर्य की किरणे पढ़ने से वह गरम थी और दूसरी तरफ छाया होने से उस ओर ठंडक थी | लव और कुश को दीवार के विपरीत और खड़ा किया गया और पूछा गया कि उन्हें क्या अहसास हैं ठंडक या गरम | दोनों ने विपरीत जवाब दिए| अब उनकी जगह बदल कर उनसे वही सवाल किया गया फिर दोनों ने एक दुसरे के पूर्व दिए जवाब को दौहराया | अब उनकी पट्टी खोल कर उन्हें राजा ने समझाया हर परिस्थिती में हमारी व्यक्तिगत सोच भिन्न होती हैं पर एक दुसरे की स्थति को समझकर और अपने आप को उनकी जगह पर रख कर सोचे तब पता चलता हैं कि सामने वाले का कथन भी अनुचित नहीं था | उस दिन से लव और कुश ने एक दुसरे कि सोच को सम्मान दिया और राज्य के उत्तरदायित्व का सहकुशल वहन किया | मित्रों, कभी-कभी जीवन में सही निर्णय लेने के लिए अपने आपको को दुसरे कि जगह पर रखकर सोचना चाहिये | हमेशा खुद को सच मानना गलत हैं |जीवन एक दृष्टिकोण पर नहीं चलता भिन्न भिन्न परिवेश में भिन्न भिन्न लोगो का समावेश हैं अत: सबके विचारों का सम्मान करना ही सही जीवन हैं | विचार भिन्न होने के कारण शत्रुता बढ़ाना गलत हैं | 🌹🙏🏻🚩 *जय सियाराम* 🚩🙏🏻🌹 🚩🙏🏻 *जय श्री महाकाल* 🙏🏻🚩 🌹🙏🏻 *जय श्री पेड़ा हनुमान* 🙏🏻🌹 🚩🚩🚩🚩🚩🚩🚩🚩🚩🚩🚩 🌹🌹🌹🌹🌹🌹🌹🌹🌹🌹🌹 🙏🏻🙏🏻🙏🏻🙏🏻🙏🏻🙏🏻🙏🏻🙏🏻🙏🏻🙏🏻🙏🏻

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meerashukla May 10, 2020

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Satyam May 10, 2020

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Ravi May 10, 2020

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Harcharan Pahwa May 9, 2020

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kamlash May 10, 2020

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🚩 *श्री गणेशाय नम:🚩* *🕉🌞गीताज्ञान🌞🕉* *जितात्मनः प्रशान्तस्य* *परमात्मा समाहितः।* *शीतोष्णसुखदुःखेषु* *तथा मानापमानयोः॥६-७॥* *👉सर्दी-गर्मी, सुख-दुःख और मान-अपमान में जिसने स्वयं को जीता हुआ है, ऐसा पुरुष परमात्मा में सम्यक्‌ प्रकार से स्थित है॥7॥* 📜 *दैनिक-पंचांग* 📜 ☀ *11 - May - 2020* ☀ *पंचांग-श्रीमाधोपुर* 🔅 तिथि चतुर्थी 06:37:11 🔅 नक्षत्र पूर्वाषाढ़ा 28:10:32 🔅 करण : बालव 06:37:11 कौलव 18:10:10 🔅 पक्ष कृष्ण 🔅 योग साघ्य 26:40:22 🔅 वार सोमवार ☀ सूर्य व चन्द्र से संबंधित गणनाएँ 🔅 सूर्योदय 05:41:03 🔅 चन्द्रोदय 23:19:59 🔅 चन्द्र राशि धनु 🔅 सूर्यास्त 19:07:11 🔅 चन्द्रास्त 09:00:00 🔅 ऋतु ग्रीष्म ☀ हिन्दू मास एवं वर्ष 🔅 शक सम्वत 1942 शार्वरी 🔅 कलि सम्वत 5122 🔅 दिन काल 13:26:08 🔅 विक्रम सम्वत 2077 🔅 मास अमांत वैशाख 🔅 मास पूर्णिमांत ज्येष्ठ ☀ शुभ और अशुभ समय ☀ शुभ समय 🔅 अभिजित 11:57:14 - 12:50:59 ☀ अशुभ समय 🔅 दुष्टमुहूर्त : 12:50:59 - 13:44:43 15:32:12 - 16:25:57 🔅 कंटक 08:22:16 - 09:16:01 🔅 यमघण्ट 11:57:14 - 12:50:59 🔅 राहु काल 07:21:49 - 09:02:35 🔅 कुलिक 15:32:12 - 16:25:57 🔅 कालवेला या अर्द्धयाम 10:09:45 - 11:03:30 🔅 यमगण्ड 10:43:21 - 12:24:06 🔅 गुलिक काल 14:04:52 - 15:45:38 ☀ दिशा शूल 🔅 दिशा शूल पूर्व ☀ चन्द्रबल और ताराबल ☀ ताराबल 🔅 अश्विनी, भरणी, कृत्तिका, रोहिणी, आर्द्रा, पुष्य, मघा, पूर्वा फाल्गुनी, उत्तरा फाल्गुनी, हस्त, स्वाति, अनुराधा, मूल, पूर्वाषाढ़ा, उत्तराषाढ़ा, श्रवण, शतभिषा, उत्तराभाद्रपद ☀ चन्द्रबल 🔅 मिथुन, कर्क, तुला, धनु, कुम्भ, मीन 📜 *चौघडिया-मुहूर्त* 📜 🔅अमृत 05:41:03 - 07:21:49 🔅काल 07:21:49 - 09:02:35 🔅शुभ 09:02:35 - 10:43:21 🔅रोग 10:43:21 - 12:24:06 🔅उद्वेग 12:24:06 - 14:04:52 🔅चल 14:04:52 - 15:45:38 🔅लाभ 15:45:38 - 17:26:24 🔅अमृत 17:26:24 - 19:07:11 🔅चल 19:07:11 - 20:26:20 🔅रोग 20:26:20 - 21:45:29 🔅काल 21:45:29 - 23:04:39 🔅लाभ 23:04:39 - 24:23:48 🔅उद्वेग 24:23:48 - 25:42:57 🔅शुभ 25:42:57 - 27:02:07 🔅अमृत 27:02:07 - 28:21:16 🔅चल 28:21:16 - 29:40:26 *🕉🌞लग्न-तालिका🌞🕉* सूर्योदय का समय: 05:41:03 सूर्योदय के समय लग्न मेष चर 25°43′13″ 🔅 मेष चर शुरू: 04:18 AM समाप्त: 05:56 AM 🔅 वृषभ स्थिर शुरू: 05:56 AM समाप्त: 07:52 AM 🔅 मिथुन द्विस्वाभाव शुरू: 07:52 AM समाप्त: 10:07 AM 🔅 कर्क चर शुरू: 10:07 AM समाप्त: 12:26 PM 🔅 सिंह स्थिर शुरू: 12:26 PM समाप्त: 02:43 PM 🔅 कन्या द्विस्वाभाव शुरू: 02:43 PM समाप्त: 04:58 PM 🔅 तुला चर शुरू: 04:58 PM समाप्त: 07:17 PM 🔅 वृश्चिक स्थिर शुरू: 07:17 PM समाप्त: 09:35 PM 🔅 धनु द्विस्वाभाव शुरू: 09:35 PM समाप्त: 11:40 PM 🔅 मकर चर शुरू: 11:40 PM समाप्त: अगले दिन 01:24 AM 🔅 कुम्भ स्थिर शुरू: अगले दिन 01:24 AM समाप्त: अगले दिन 02:52 AM 🔅 मीन द्विस्वाभाव शुरू: अगले दिन 02:52 AM समाप्त: अगले दिन 04:18 AM 1⃣1⃣🌷0⃣5⃣🌷2⃣0⃣ *🕉🌞जयश्रीराम🌞🕉* *ज्योतिषशास्त्री:-सुरेन्द्र कुमार चेजारा व्याख्याता राउमावि होल्याकाबास* *निवास:-श्री सीताराम बाबा बावड़ी आश्रम के पास वार्ड नं 8 श्रीमाधोपुर ☎9461044090* 🍏🌸🍏🌸🍏🌸🍏🌸

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