Jyoti Pandey
Jyoti Pandey Nov 19, 2019

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🇮🇳🇮🇳Purav🇮🇳🇮🇳 Nov 19, 2019
बहुत बहुत बहुत ही सुंदर अति सुंदर जानकारी दी है धन्यवाद शुभ संध्या नमस्कार राधे-राधे राधे-राधे राधे-राधे राधे-राधे राधे-राधे 🙏

Jyoti Pandey Nov 19, 2019
@pur very very thanks purav ji very sweet good evening ji Radhe Krishna jai mata di 🌹🙏🙏🙏🌹🌹🌹🌹🌹🌹🌹🌹🌹🌹🌹🌹🌹

N. K. Mishra Nov 19, 2019
nice onfo jyoti ji radhy radhy Krishna good night ji

थायोराइड का आयुर्वेदिक इलाज 🌹🌺🌹🌺🌹🌺🌹🌺🌹🌺 थायोराइड अन्तःस्रावी ग्रन्थियों (एंडोक्राइन ग्लैंड) में से एक है । गले में मौजूद तितली जैसे आकार वाली यह ग्लैंड थायरॉक्सिन हॉर्मोन बनाती है जो हमारी बॉडी की ऊर्जा खर्च करने की क्षमता और कई क्रियाओं पर असर डालता है। थाइरोइड के घरेलू उपाय 🌺🌹🌺🌹🌺🌹🌺 उपाय 1 👇 काली मिर्च से वजन और हाइपोथायरॉयड दोनो ठीक करें। पिपेराईन 👉 एक खास रसायन है जो काली मिर्च में खूब पाया जाता है और ये कमाल का फ़ैट बर्नर है । अक्सर महिलाओं में थायरॉक्सिन लेवल कम होने से तेजी से वजन बढ़ता है, पेपेराईन इस समस्या से छुटकारा दिला सकता है । जिन्हें हाईपोथायरॉइड की समस्या है सिर्फ 21 काली मिर्च कुचलकर 15 दिनों तक रोज सुबह एक बार में एक साथ खा लें,सकारात्मक परिणाम आना निश्चित है। उपाय 2 👇 25 ग्राम शुद्ध दालचीनी लें, यह जितनी तीखी हो उतना अच्छा रहेगा। इसे पीस कर चूर्ण बना एक चुटकी चूर्ण को प्याज के रस में मिला सेवन करें। यह प्रयोग बासी मुंह 21 दिन करें। 21 दिन सेवन से थाइरोइड सामान्य हो जाएगा- फिर कभी नहीं बढ़ेगा। 03 महीने बाद में प्रयोग दोहराइए- अचूक लाभ होगा। उपाय 3👇 अगर किसी को थाईराईड से मुक्ति पानी है तो रसाहार थैरापी प्रयोग से १००% ठीक किया जा सकता है। हाईपर थाईरोडीजम का ईलाज उपाय 👇🌺👇🌺👇🌺👇🌺👇🌺👇 👉 हाईपर थाईरोडीजम मे अगर ग्रीन टी का प्रयोग दिन मे 4 बार 2-2 कप लीया जाऐ 4-6 महिने मे तो थाईरोड से मुक्ति मिल सकती है। 👉 रोज रात को 2 कप लौकी का रस मे 2 चम्मच अदरक का रस डालकर रोज रात को सोने से घन्टे पहले ले। 👉 धनिया 1 चम्मच + सौंफ 1 चम्मच + जीरा 1 चम्मच लेकर सुबह 3 ग्लास पानी मे उबाले। जब 1 ग्लास पानी बचे तब छानकर सुबह पीले 30 मिनिट तक कुछ भी ना खाऐ। आयुर्वेदिक औषधियां 🌿🍃🌿🍃🌿🍃🌿 1.👉 त्रिकुट चुर्ण + त्रिफला चुर्ण + वायबिडंग + अजवायन + चित्रकमूल + ताम्र भस्म + लोह भस्म + रस सिन्दुर आदि ख़ास अनुपात में डालकर तैंयार की जाती हैं। वैद्य के परामर्श से बना सकते है। 🌿🌹🌿🌹🌿🌹🌿🌹🌿🌹🌿🌹🌿🌹🌿🌹🌿🌹🌿🌹🌿

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प्‍याज के टुकड़े को मोजे़ में रख कर सोने के फायदे ⭐⭐🔹⭐⭐🔹⭐⭐🔹⭐⭐🔹⭐⭐🔹⭐⭐ रात को सोने से पहले मोजे में प्‍याज का एक टुकड़ा रखने से कई फायदे मिलते हैं। यह तो कई लोग जानते हैं कि प्‍याज और लहसुन वायु को शुद्ध करते हैं पर यह काफी कम ही लोग जानते हैं कि जब इन्‍हें शरीर पर लगाया जाता है तो यह शरीर में कीटाणुओं और जीवाणुओं का भी नाश करते हैं। मोजे में प्याज रख कर सोने से अंगों को भी स्वस्थ रखा जा सकता है। यह बात मेडिकली भी कही गई है कि प्‍याज में मौजूद फॉस्फोरिक एसिड खून की धमनियों में घुस कर खून को शुद्ध बनाता है। आपकी जानकारी के लिये बता दें कि, हमारे पांव काफी शक्‍तीशाली हैं और इनकी आपके शरीर में आंतरिक अंगों तक सीधे पहुंच होती है। पैरों के नीचे सीधे अलग-अलग तंत्रिका अंत (लगभग 7,000) होती हैं, जो कि शरीर के विभिन्‍न अंगों से जुड़ी हुई होती हैं। ये शरीर के भीतर एक शक्‍तिशाली बिजली के सर्किट की तरह से काम करते हैं, लेकिन ये अक्‍सर जूते-चप्‍पल पहनने की वजह से निष्‍क्रिय हो जाते हैं। तभी सलाह दी जाती है कि हम सभी को कुछ घंटों के लिये नंगे पैर टहलना चाहिये। प्‍याज को मोजे़ में रखने के लिये एक जैविक प्याज लें, जिससे कि वह पेस्‍टीसाइड और अन्‍य कैमिकल से मुक्‍त हो। फिर इसकी दो स्‍लाइस काट कर दोनों मोज़ों में रख कर सो जाइये। प्‍याज की स्‍लाइस पांव को पूरी तरह से छूनी चाहिये। अब आइये जानते हैं प्‍याज के टुकड़े को मोजे़ में रख कर सोने के सेहतमंद फायदे... 1⭐ बैक्टीरिया और रोगाणु का नाश करे प्‍याज में एंटी बैक्‍टीरियल और एंटी वायरल गुण होते हैं, जो शरीर पर रड़ने से बैक्‍टीरिया और रोगाणुओं का नाश करता है। 2⭐ खून को शुद्ध करे जब त्‍वचा दृारा प्‍याज से मौजूदा फास्‍फोरिक एसिड सोख लिया जाता है तो, खून को शुद्ध करने में मदद मिलती है। 3⭐ हवा शुद्ध करे जब आप सोएंगे तब यह तेज गंध वाली प्‍याज का टुकड़ा कमरे में हवा को शुद्ध करने में मदद करेगा। इससे पैरों की गंध दूर होगी तथा कैमिकल और टॉक्‍सिन्‍स दूर होंगे। 4⭐ दिल के रोग से छुटकारा जब प्‍याज के टुकडे को पांव के बीच में रख कर सोया जाता है, तब यह हृदय को स्‍वस्‍थ बनाता है। 5⭐ पेट संक्रमण जब प्‍याज के टुकडे को पैरों के बीच में रखते हैं तब पेट के संक्रमण से छुटकारा मिलता है। साथ ही किडनी समस्‍या में भी मदद मिलती है। 6⭐ छोटी आंत और मूत्राशय की समस्याओं से छुटकारा अगर आप छोटी आंत या मूत्राशय की समस्‍या से पीडित हैं, तो प्‍याज के टुकडे़ को आपको इन समस्‍याओं से निजात दिला सकते हैं। 7⭐ पैरों की बदबू अगर पैरों से बदबू आती हो तो, ढेर सारी प्‍याज की स्‍लाइस काटें और उसे मोजे में भर कर पहन लें। इससे आपको काफी आराम मिलेगा। 8⭐ सर्दी, जुखाम और बुखार से राहत अगर आपको लगता है कि आपको बुखार चढ़ रहा है तो, माजे में प्‍याज की स्‍लाइस डाल कर सो जाएं। ⭐⭐🔹⭐⭐🔹⭐⭐🔹⭐⭐🔹⭐⭐🔹⭐⭐

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gopal Krishna Dec 10, 2019

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gopal Krishna Dec 10, 2019

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aditi sharma Dec 9, 2019

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Pritam Sankholiya Dec 11, 2019

निवेदन कृपया एक बार जरूर पढ़ें🙏👇 मैं एक डाक्टर हूँ, मे यह कह रहा हूँ कि इस भीषण ठंड में जिनकी आयु 45 वर्ष से अधिक है, उन्हें रात में 10 बजे सोने के बाद से जब भी बिस्तर से उठे, तब आप एकदम से ना उठे। क्योँकि ठंड के कारण शरीर का ब्लड गाढ़ा हो जाता है तो वह धीरे धीरे कार्य करने के कारण पूरी तरह हार्ट में नहीं पहुँच पाता और शरीर छूट जाता है। इसी कारण से शर्दी के महीनों में 45 वर्ष से ऊपर के लोगों की ह्रदयगति रुकने से दुर्घटनाए अत्यधिक होती पाई गई हैं, इसलिए हमें सावधानी अत्यधिक बरतने की आवश्यकता है। यही सुझाव में भी देता हु।* *साढ़े तीन मिनिट: मेरी सलाह!*        डॉ. विजय सिंह राजपूत जनरल फिजीशियन          *जिन्हें सुबह या रात में सोते समय  पेशाब करने जाना पड़ता हैं उनके लिए विशेष सूचना!!*         हर एक व्यक्ति को इसी साढ़े तीन मिनिट में सावधानी बरतनी चाहिए। *यह इतना महत्व पूर्ण क्यों है?*         यही साढ़े तीन मिनिट अकस्माक होने वाली मौतों की संख्या कम कर सकते हैं।         जब जब ऐसी घटना हुई हैं, परिणाम स्वरूप तंदुरुस्त व्यक्ति भी रात में ही मृत पाया गया हैं।         ऐसे लोगों के बारे में हम कहते हैं, कि कल ही हमने इनसे बात की थी। ऐसा अचानक क्या हुआ? यह कैसे मर गया?        इसका मुख्य कारण यह है कि रात मे जब भी हम मूत्र विसर्जन के लिए जाते हैं, तब अचनाक या ताबड़तोब उठते हैं, परिणाम स्वरूप मस्तिष्क तक रक्त नही पहुंचता है।        यह साढ़े तीन मिनिट बहुत महत्वपूर्ण होते हैं।       मध्य रात्रि जब हम पेशाब करने उठते है तो हमारा ईसीजी का पैटर्न बदल सकता है। इसका कारण यह है, कि अचानक खड़े होने पर मस्तिष्क को रक्त नहीं पहुच पाता और हमारे ह्रदय की क्रिया बंद हो जाती है।    साढ़े तीन मिनिट का प्रयास एक उत्तम उपाय है। 1. *नींद से उठते समय आधा मिनिट गद्दे पर लेटे हुए रहिए।* 2. *अगले आधा मिनिट गद्दे पर बैठिये।* 3. *अगले अढाई मिनिट पैर को गद्दे के नीचे झूलते छोड़िये।*    साढ़े तीन मिनिट के बाद आपका मस्तिष्क बिना खून का नहीं रहेगा और ह्रदय की क्रिया भी बंद नहीं होगी! इससे अचानक होने वाली मौतें भी कम होंगी।      आपके प्रियजनों को लाभ हो अतएव सजग करने हेतु अवश्य प्रसारित करे।                              *धन्यवाद!!*   *डॉ. विजय सिंह राजपूत* *जनरल फिजीशियन*        🙏निवेदन एवं आग्रह 🙏    आपको सिर्फ अपनो में 10 लोगो को ये मैसेज फॉरवर्ड करना है और वो 10 लोग भी दूसरे 10 लोगों को फॉरवर्ड करें । बस आपको तो एक कड़ी जोड़नी है देखते ही देखते सिर्फ आठ steps में पूरा देश जुड़ जायेगा। — अच्छा लगे तो कृपया सभी मित्र के साथ शेयर करें --🙏🏻🌹

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Mrs. Bajaj. Dec 10, 2019

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